उन्होंने कहा कि भाजपा का स्पष्ट मत है कि यह विषय राजनीति का नहीं, बल्कि न्याय का है। राज्य सरकार और जांचकर्ताओं के लिए संपूर्ण यथार्थता और विश्वसनीयता के साथ काम कर रहे हैं।
कांग्रेस को चाहिए कि वह इस प्रेरक विषय पर गैर-जिम्मेदाराना बयानबाजी बंद करे और जांच प्रक्रिया में सहयोग करे।
महानगर अध्यक्ष ने कहा कि यदि कांग्रेस वास्तव में ठोस जांच करना चाहती है, तो उसे न्यायालय के माध्यम से इसकी मांग करनी चाहिए। केवल सोशल मीडिया पर बयानबाज़ी करना और उत्तराखंड के शांत समर्थकों को अशांत करने का प्रयास करना कांग्रेस की नकारात्मक और गैर-जिम्मेदाराना राजनीति को परिभाषित करना है।
कांग्रेस द्वारा लोगों के बीच भ्रम और भ्रांति फैलाने का काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर कांग्रेस सच में न्याय चाहती है, तो संवैधानिक और कानूनी मार्ग अपनाए। एक बेटी के सम्मान को ठेस पहुंचाकर ने अपनी समाप्त हो चुकी राजनीति को बचाने के प्रयास को उत्तराखंड की जनता ने कभी स्वीकार नहीं किया।
भाजपा महानगर अध्यक्ष ने दो टूक शब्दों में कहा कि प्रतिभा को किसी भी मामले में शामिल नहीं किया जाएगा, लेकिन कांग्रेस द्वारा जांच को प्रभावित करने का कोई भी प्रयास नहीं किया गया है।
भाजपा विचारधारा द्वारा किया गया यह परमाणु दहन कांग्रेस के अवसरवादी और नकारात्मक राजनीति के विरुद्ध जनाक्रोश का प्रतीक है। भाजपा का स्पष्ट संदेश है कि कांग्रेस जनता को अनारक्षित करना बंद करे और जातीय प्रक्रिया पर विश्वास बनाए रखे।
इस अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष रुचि भट्ट, राज्य मंत्री विनोद उनियाल, डॉ. दिव्या नेगी, बबली चौहान, नीलू साहनी, कमलेश रमन, महानगर अध्यक्ष सुमन सिंह, महानगर अध्यक्ष (अल्पसंख्यक मोर्चा) यासमीन आलम, बिजेंदर थपलियाल, सुनील शर्मा, मोहित शर्मा, जगदीश सेमल, हस्ताक्षर नौटियाल,
ओम कक्कड़, आदित्य चौहान, आर्चर डाबर, अक्षत जैन, शमीम डबल, आशीष शर्मा, मनीष पाल, राहुल रावत समेत भारी संख्या में महिला समर्थक और भाजपा कार्यकर्ता शामिल रहे।
ब्रेकिंग न्यूज़ -
- उत्तराखंड में आईपीएस अधिकारियों के तबादले, दो अफसर कुंभ मेले के लिए तैनात, देखिये लिस्ट
- गंगा घाटी के कई प्रधानो ने दिया 2027 के लिए विधायक संजय डोभाल को अपना समर्थन
- युवा मोर्चा कि उत्तरी नई टीम…. राणा
- यमनोत्री विधानसभा मेविधायक संजय डोभाल द्वारा विकास कि एक और सौगात
- उत्तराखंड में 15वें वित्त आयोग का अनुदानराशि जारी करने के लिए…..
- देहरादून में ओवरटेक से नाराज कार सवारों ने की अंधाधुंध फायरिंग, मॉर्निंग वॉक कर रहे रिटायर्ड ब्रिगेडियर की मौत
- कैबिनेट बैठक खत्म, 16 प्रस्तावों पर लगी मुहर
- मंत्रिमंडल विस्तार के बाद धामी कैबिनेट की पहली बैठक शुरू, लिए जा सकते हैं महत्वपूर्ण फैसले
धामी कैबिनेट की आज की बैठक में पांच नए मंत्री शामिल होंगे, पंचायतीराज, परिवहन, वन और शिक्षा महकमों को लेकर बड़े निर्णय हो सकते हैं - अचानक Sonia Gandhi की बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में भर्ती, राहुल-प्रियंका भी पहुंचे
- नौ साल बाद हटाए गए कैबिनेट मंत्री धन सिंह से स्वास्थ्य महकमा, इन दिनों पश्चिम बंगाल चुनाव प्रचारमुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंत्रिमंडल विस्तार के बाद पांच नए उद्यमों के बीच का बंटवारा कर दिया है। चार पुराने विधानमंडल के कुछ संस्थागत में हुआ है। कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत से स्वास्थ्य महकमा,
मंत्री सतपाल महाराज से सचिवालय, जलागम, एसडीओ उनियाल से तकनीकी शिक्षा एवं भाषा और गणेश जोशी से ग्राम्य विकास विभाग हटा दिए गए हैं। कैबिनेट लाइन आर्या व बोरा बहुगुणा के पास पूर्व की सामुहिक विभाग है।
मंत्री डॉ. नौ साल बाद धन सिंह रावत को स्वास्थ्य विभाग से हटा दिया गया। अब उनके पास विद्यालयी शिक्षा, उच्च, तकनीकी शिक्षा, संस्कृत शिक्षा के साथ विभाग की जिम्मेदारी बनी हुई है। त्रिवेन्द्र सरकार में 2017 से डॉ. धन सिंह रावत के पास शिक्षा के साथ ही स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी थी।
धामी सरकार के मॉडल विस्तार से उनकी स्वास्थ्य महमामा को हटा दिया गया। ऍफ़. आजकल पश्चिम बंगाल में चुनावी प्रचार कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि नौ साल में स्वास्थ्य के रेस्तरां का विस्तार करने के साथ ही डॉ.
विशेषज्ञ,सहायक अधिकारी की सेवाएं। विभाग में 10 हजार से अधिक पदों पर नियुक्तियां हैं। दुर्गम क्षेत्र में लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करने के लिए हरसंभव प्रयास किया गया है।
Wednesday, May 13

