उत्तराखंड STF, एसएसपी अजय सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि पटेलनगर (देहरादून) निवासी एक व्यक्ति द्वारा साइबर ठगी के सम्बन्ध में साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन देहरादून में शिकायत दर्ज करायी गयी..शिकायतकर्ता ने बताया कि पीएनबी मिडलाइफ इंश्योरेंस में तीन पॉलिसियां थी,लेकिन कुछ कारण के चलते मैं पिछले दो साल से जमा नहीं कर पाया था.अक्टूबर 2025 में उसे अज्ञात साईबर ठग द्वारा फोन कर स्वयं को पीएनबी मिडलाइफ का अधिकारी/कर्मचारी बताकर उसकी बन्द पडी पॉलिसियों को फिर से चालू करने और मुनाफे कमाने की बात बताकर अपने हेड बाबू से बात करने को कहा गया.इसके उपरान्त शिकायतकर्ता द्वारा उन लोगों के झांसे में आकर उनके बताये अनुसार विभिन्न खातों में पैसे जमा किये गये. लेकिन कुछ समय बाद में जब शिकायतकर्ता ने अपने इंश्योरेंस पॉलिसी के बारे में ऑफिस के कस्टमर केयर से पता किया,तो पता लगा कि उसके साथ अब तक 25,90,000/- रुपये की धोखाधड़ी हो चुकी है.ऐसे में शिकायतकर्ता द्वारा शिकायत दर्ज करायी गयी.शिकायत के आधार पर साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन देहरादून पर धारा 318(4), 61(2) BNS एवं 66D IT Act मुक़दमा पंजीकृत किया गया..

1- सूरज पुत्र विजय चौहान निवासी सैक्टर- 31, निठारी नोएडा, गौतमबुद्धनगर उ0प्र0, उम्र करीब 21 वर्ष…
उत्तराखंड STF एसएसपी अजय सिंह क़ी जनता से अपील..
उत्तराखंड STF, एसएसपी अजय सिंह ने जनता से अपील की है कि अपना बैंक खाता किसी अन्य को उपयोग हेतु न दें, कमीशन/किराये पर खाता देना अपराध है. ATM कार्ड, OTP, PIN, UPI PIN साझा न करें, अज्ञात धनराशि आने पर तुरंत बैंक/पुलिस को सूचित करें तथा अन्जान नम्बरों से आने वाली वीडियो कॉल से बात न करें, न ही कोई सूचना/दस्तावेज दें. यदि कोई आपको पुलिस, सीबीआई, ईडी आदि का अधिकारी बताकर डिजिटल अरेस्ट करने को डराये धमकाये तो घबरायें नहीं, कोई भी एजेन्सी ऑनलाईन गिरफ्तार नहीं करती है । किसी भी प्रकार के लोक लुभावने अवसरों / फर्जी साईट / धनराशि दोगुना करने के प्रलोभनों में न आयें । साथ ही फर्जी निवेश ऑफर जैसे YouTube like सब्सक्राइब, टेलीग्राम आधारित निवेश वेबसाइट ऑफर में निवेश न करें । गूगल से कोई भी कस्टमर केयर नम्बर को सर्च न करें. तेजी से बढ़ रहे इन्वेस्टमेंट स्कैम्स ने लाखों लोगों को अपना शिकार बनाया है। स्कैमर्स वेबसाइट्स और नकली रिव्यू प्रोग्राम्स के माध्यम से लोगों को पहले छोटे-छोटे इनाम देकर भरोसा जीतते हैं तथा फिर धीरे-धीरे उन्हें भारी रकम निवेश करने पर मजबूर कर देते हैं। कम समय में अधिक लाभ के चक्कर में इन्वेस्ट ना करें व शक होने पर तत्काल निकटतम पुलिस स्टेशन या साइबर क्राईम पुलिस स्टेशन को सम्पर्क करें । वित्तीय साईबर अपराध घटित होने पर तुरन्त 1930 नम्बर या

