देहरादून: उत्तराखंड पूर्व सैनिक कल्याण निगम लिमिटेड (UPNL) के जरिए तमाम विभागों में काम कर रहे कार्मिकों के हित में एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है. यह निर्णय नैनीताल हाईकोर्ट में योजित रिट याचिका संख्या 116/2018 (PIL) में पारित आदेश 12 नवंबर 2018 के अनुपालन में लिया गया है. जिसके तहत 12 साल की सेवा पूरी कर चुके उपनल कर्मियों को न्यूनतम वेतन एवं महंगाई भत्ता दिया जाएगा. यह भत्ता समान कार्य-समान वेतन के सिद्धांत पर दिया जाएगा.
उपनल कर्मियों के हित में सरकार ने लिया अहम फैसला: दरअसल, यह निर्णय उपनल प्रतिनिधियों की मुख्यमंत्री पुष्कर धामी से साथ हुए बैठक के बाद शासन स्तर पर विचार-विमर्श के बाद लिया गया है. इस संबंध में सचिव सैनिक कल्याण दीपेंद्र चौधरी ने प्रबंध निदेशक उत्तराखंड पूर्व सैनिक कल्याण निगम लिमिटेड को पत्र भेजकर जानकारी दी है.
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- नौ साल बाद हटाए गए कैबिनेट मंत्री धन सिंह से स्वास्थ्य महकमा, इन दिनों पश्चिम बंगाल चुनाव प्रचारमुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंत्रिमंडल विस्तार के बाद पांच नए उद्यमों के बीच का बंटवारा कर दिया है। चार पुराने विधानमंडल के कुछ संस्थागत में हुआ है। कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत से स्वास्थ्य महकमा,
मंत्री सतपाल महाराज से सचिवालय, जलागम, एसडीओ उनियाल से तकनीकी शिक्षा एवं भाषा और गणेश जोशी से ग्राम्य विकास विभाग हटा दिए गए हैं। कैबिनेट लाइन आर्या व बोरा बहुगुणा के पास पूर्व की सामुहिक विभाग है।
मंत्री डॉ. नौ साल बाद धन सिंह रावत को स्वास्थ्य विभाग से हटा दिया गया। अब उनके पास विद्यालयी शिक्षा, उच्च, तकनीकी शिक्षा, संस्कृत शिक्षा के साथ विभाग की जिम्मेदारी बनी हुई है। त्रिवेन्द्र सरकार में 2017 से डॉ. धन सिंह रावत के पास शिक्षा के साथ ही स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी थी।
धामी सरकार के मॉडल विस्तार से उनकी स्वास्थ्य महमामा को हटा दिया गया। ऍफ़. आजकल पश्चिम बंगाल में चुनावी प्रचार कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि नौ साल में स्वास्थ्य के रेस्तरां का विस्तार करने के साथ ही डॉ.
विशेषज्ञ,सहायक अधिकारी की सेवाएं। विभाग में 10 हजार से अधिक पदों पर नियुक्तियां हैं। दुर्गम क्षेत्र में लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करने के लिए हरसंभव प्रयास किया गया है।
Wednesday, May 13

